स्कूली बच्चे लिखेंगे वीर सैनिकों की गाथा, गणतंत्र दिवस पर किए जाएंगे पुरस्कृत

Advertisement

समस्तीपुर। वीर सैनिकों के सम्मान में शिक्षा विभाग ने स्कूलों में वीरगाथा परियोजना की शुरूआत की है। इस परियोजनाओं के तहत अपने क्षेत्र के आसपास के वीरों के जीवन व बलिदान की कहानियों के जरिए छात्रों में बहादुरी की भावना को मजबूत किया जाएगा। सरकारी व मान्यता प्राप्त स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों को वीरता पुरस्कार प्राप्त सैनिकों के बारे में बताया जायेगा। कक्षा तीन से 12 वीं तक के छात्रों को वीर सैनिकों के बारे में बताया जाएगा और उन्हें प्रेरित किया जायेगा। छात्र अपने सोच को कहानी, निबंध और पेंटिग के जरिये अभिव्यक्त करेंगे। यह कार्यक्रम सरकारी व मान्यता स्कूलों में नवंबर महीने तक चलेगा।

गैलेंट्री अवार्ड की वेबसाइट से मिल सकती जानकारी

Advertisement

जिला शिक्षा पदाधिकारी मदन राय ने बताया कि छात्रों को वीरता पुरस्कार प्राप्त सैनिकों के बारे में जानकारी गैलेंट्री अवार्ड की वेबसाइट से मिल सकती है। शिक्षकों को भी निर्देश दिया गया है कि वह बच्चों को वेबसाइट पर जाकर सामग्री उपलब्ध करा दें। जिले में भी कई वीर सैनिक है, उनके बारे में जानकारी देने को कहा गया है। जिले से 10 छात्रों की इंट्री राज्य मुख्यालय को भेजी जायेगी। कक्षा तीन से पांच तक के छात्रों को वीरता पुरस्कार प्राप्त सैनिकों पर 150 शब्दों में निबंध या कविता लिखनी है। छात्र पेंटिग भी बना सकते हैं। तीन सौ शब्दों में लिख सकते निबंध या कविता

कक्षा छह से आठ तक के छात्रों को वीरता पुरस्कार प्राप्त सैनिकों पर 300 शब्दों में निबंध या कविता लिखनी है। कक्षा नौ और दस के छात्रों को 750 शब्दों में निबंध या कविता लिखनी है। कक्षा 11वीं और 12वीं तक के छात्रों को एक हजार शब्दों में निबंध या कविता लिखनी है। इसमें से 25 विजेताओं का चयन किया जाएगा। बीईओ को दी गई है बच्चों को शामिल कराने की जिम्मेवारी

Advertisement

वीरगाथा पोर्टल और माईजीओवी प्लेटफार्म पर प्राप्त प्रविष्टियों से विजेताओं का चयन किया जाएगा। उनमें से 25 विजेताओं को अगले साल 26 जनवरी 2022 को गणतंत्र दिवस के दिन दिया जाएगा। जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (समग्र शिक्षा अभियान) शिवनाथ रजक ने सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी व सभी प्रधानाध्यापकों को वीर गाथा परियोजना के तहत अपने-अपने विद्यालयों के बच्चों को वीरगाथा परियोजना में भाग लेने सुनिश्चित कराने को कहा है।

Advertisement

Advertisement