समस्तीपुर: जदयू के पूर्व विधायक रामबालक सिंह को कोर्ट ने सुनाई पांच साल की जेल की सजा, जानें क्या है मामला

मामला 4 जून 2000 की है। ललन सिंह विभूतिपुर थाना क्षेत्र के शिवनाथपुर में एक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। यहां पूर्व विधायक रामबालक सिंह और उनके भाई लालबाबू सिंह भी पहुंचे थे। दोनों में पहले से विवाद था। इस दौरान बात फायरिंग तक पहुंच गई थी।

समस्तीपुर जिले की अदालत ने विभूतिपुर के जदयू के पूर्व विधायक रामबालक सिंह और उनके भाई को आर्म्स एक्ट और जानलेवा हमला करने के मामले में पांच साल की जेल की सजा सुनाई गई है। इसके साथ कोर्ट ने उनपर 15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। इससे पहले अदालत ने 10 सितंबर को रामबालक सिंह और उनके भाई लाल बाबू सिंह को दोषी करार दिया था। मामला साल 2000 का है। आरोप था कि उनके आदेश के बाद ही ललन सिंह को गोली मारी गई थी।

4 जून 2000 की घटना

मामला 4 जून 2000 की है। ललन सिंह विभूतिपुर थाना क्षेत्र के शिवनाथपुर में एक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। यहां पूर्व विधायक रामबालक सिंह और उनके भाई लालबाबू सिंह भी पहुंचे थे। दोनों में पहले से विवाद था। इस दौरान ललन सिंह पर नजर पड़ते ही विधायक और उनके भाई ने ललन सिंह को पकड़ने दौड़े, लेकिन वह किसी तरह वहां से बाहर निकल गए। इसके बाद दोनों भाइयों ने अपने साथियों के साथ ललन का पीछा किया और इस दौरान पूर्व विधायक के भाई ने फायरिंग कर दी।

Input- Amar ujala