नीतीश कुमार के जनता दरबार के बाहर ही धरने पर बैठ गए अयांश के माता-पिता, अभी 11 करोड़ और चाहिए, सीएम से मिलकर ही रहेंगे

गंभीर बीमारी से जूझ रहे आयांश को बचाने के लिए लगातार क्राउडफंडिंग का सिलसिला जारी है. हालांकि इसके बाद मासूम बच्चे के इलाज के लिए पर्याप्त पैसों का इंतजाम अब तक नहीं हो सका है.  जिसके बाद अब अपने बेटे की सलामती के लिए अयांश का पूरा परिवार मुख्यमंत्री के जनता दरबार में पहुंचा है. अयांश और उसके माता-पिता को अब सरकार से ही आखरी उम्मीद दिख रही है. अयांश को लेकर उसके माता और पिता देशरत्न मार्ग स्थित संवाद सचिवालय के बाहर पहुंचे हैं, जहां जनता दरबार कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है.

बता दें बीते सप्ताह जनता दरबार के दौरान अयांश के इलाज को लेकर मुख्यमंत्री ने साफ कर दिया था कि सरकार के पास ऐसी कोई योजना नहीं है, जिसके तहत बच्चे के इलाज के लिए कोई मदद की जा सके.  हालांकि इसके बाद भी परिवार को उम्मीद है कि सरकार उनकी मदद करेगी और छोटे से अयांश लंबी जिंदगी जी सकेगा.

आपको बता दें की राजधानी पटना के रुकनपुरा के रहने वाले एक दंपति ने स्पाइनल मस्कुलर एट्राफी बीमारी से पीड़ित अपने 10 माह के अयांश को बचाने के लिए लोगों से मदद की गुहार लगाई है. इस बीमारी का इलाज 16 करोड़ के इंजेक्शन की एक डोज से संभव है. दंपति के पास इतने पैसे नहीं हैं जिसकी वजह से उन्होंने आम लोगों से लेकर सरकार तक से गुहार लगाई है ताकि अयांश को बचाया जा सके.अयांश के माता-पिता के मुताबिक अब तक क्राउडफंडिंग और अन्य लोगों की मदद के जरिए 6 करोड़ से थोड़ी ज्यादा रकम इकट्ठा हो पाई है.  लेकिन अभी भी 10 करोड़ की आवश्यकता है.