पटना के इस मंदिर में 109 साल से जल रही है अखंड ज्योति, पुजारी बोले- भक्तों को नवरात्र में आने दे सरकार

बिहार में कोरोना के बढ़ते केस को लेकर सरकार ने सभी धार्मिक स्थलों पर लॉकडाउन सरीखा कानून लगा दिया है. चैत्र नवरात्र की शुरूआत मंगलवार से हो रही है ऐसे में पुजारी और भक्त दोनों सरकार से मंदिरों को खोलने की मांग कर रहे है.

इस बार चैत्र नवरात्रि (Chaitra Navratra 2021) 13 अप्रैल से शुरू हो रही है लेकिन बिहार सरकार के नए निर्देश की वजह से धार्मिक संस्थानों को बंद रखने की बात कही गयी है, ऐसे में इस बार मंदिरों के पुजारियों ने भी कोरोना गाइडलाइन्स (Corona Guidelines) के साथ सरकार से मंदिरों को खोलने की अनुमति मांगी है. ऐसा ही एक मंदिर है बिहार की राजधानी पटना के गोलघर पार्क रोड के पास स्थित अखण्डवासिनी मंदिर जहां नवरात्रि के मौके पर हर साल भक्तों की काफी भीड़ जुटती है.

इस मंदिर में बारे में कहा जाता है कि यहां 108 सालों से भी ज्यादा समय से अखण्ड़ ज्योति जल रही और यहां भक्तों की हर मनोकामना पूरी होती है. इस मंदिर के पुजारी विशाल तिवारी बताते हैं कि वैसे तो साल भर यहां श्रद्धालुओं का आना लगा रहता है लेकिन नवरात्रि के अवसर पर मंदिर में भक्त विशेष तौर पर यहां अपनी मनोकामना लेकर पहुंचते हैं.

कोरोना गाइडलाइंस के तहत मिले मंदिर खोलने की अनुमति

राजधानी पटना के गोलघर स्थित अखंडवासनी मंदिर के मुख्य पुजारी विशाल तिवारी ने कहा कि वह मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मांग करते हैं कि कोविड-गाइडलाइन के निर्दिष्ट मानकों के तहत नवरात्रि तथा चैती छठ के मद्देनजर राज्य में मंदिरों को भी खोले जाने की छूट प्रदान करें. उन्होंने कहा है कि जब सिनेमा हॉल खोले जा सकते हैं, रेस्टोरेंट खोले जा सकते हैं, दुकानों और निजी प्रतिष्ठानों को सीमित संख्या के साथ खोलने की अनुमति मिली है तो सरकार मंदिर को समिति संख्या के साथ खोलने की अनुमति दें. सिर्फ मंदिर तथा अन्य धार्मिक स्थानों पर ही यह रोक क्यों लगाया जा रहा है ?

पुरोहित-पुजारियों के परिवार पर पड़ रहा है असर

अखंडवासिनी मंदिर के मुख्य पुजारी विशाल तिवारी ने कहा कि पिछले साल के लॉकडाउन के मार से राज्य भर के मंदिरों में पूजा पाठ करा कर जीवन यापन करने वाले पुरोहित वर्ग की स्थिति बेहद दयनीय हो गई है, ऐसी स्थिति में नवरात्रि के अवसर पर भी धार्मिक स्थलों तथा मंदिरों को नहीं खोलने का निर्देश जारी कर मुख्यमंत्री पूरे पुरोहित समाज के साथ क्रूर व्यवहार कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के तहत राज्य सरकार के द्वारा जारी किए गए गाइडलाइन के मुताबिक ही मंदिरों तथा अन्य धार्मिक स्थलों को खोले जाने की छूट प्रदान की जानी चाहिए ताकि श्रद्धालुओं को नवरात्र के अवसर पर माता के आशीर्वाद से वंचित ना होना पड़े.

‘नवरात्रि पर खुला रहेगा अखण्डवासिनी मंदिर’

विशाल तिवारी ने कहा कि नवरात्र के अवसर पर श्री श्री अखंड वासिनी मंदिर गोलघर पार्क रोड पटना खुला रहेगा. उन्होंने 13 तारीख से लेकर 27 तारीख तक के मंदिर में होने वाले आयोजनों को सार्वजनिक किया है, इतना ही नहीं 21 अप्रैल को संध्या 7 बजे से लेकर 10 बजे तक अखंडवासनी मंदिर भंडारा भी आयोजित करेगी. उन्होंने कहा कि अखंडवासनी मंदिर श्रद्धालुओं के लिए सुबह 7:00 बजे से लेकर शाम 7:00 बजे तक खुला रहेगा.