मां को पंचायत समिति उम्मीदवार बनाने का विरोध करने पर कर दी अन्नू की हत्या

समस्तीपुर। पूसा प्रखंड प्रमुख के पति अन्नु तिवारी की हत्या में शामिल मुख्य आरोपित कारगिल को पुलिस ने हरियाणा से गिरफ्तार कर लिया। उसके साथ ही नत्थूद्वार निवासी निशांत उर्फ निशु एवं विभूतिपुर निवासी मनीष कुमार की भी गिरफ्तारी हुई है। साथ ही घटना में प्रयुक्त पिस्टल, पल्सर बाइक व मोबाइल भी बरामद किया गया है। पुलिस के समक्ष अपने स्वीकारोक्ति बयान में मुख्य आरोपित ने कहा है कि वह अपनी मां को पंचायत समिति सदस्य के लिए होने वाले चुनाव में खड़ा करना चाह रहा था। इसका अन्नू विरोध कर रहा था। इसी कारण उसकी हत्या कर दी गई। इसके अलावा उसने जेल में बंद अपने चचेरे भाई जुबली की जमानत दिलाने में मदद नहीं करने को भी हत्या एक प्रमुख कारण करार दिया।

26 मार्च को कर दी गई थी हत्या :

26 मार्च को हथियारबंद बदमाशों ने दिनदहाड़े रेपुरा स्थित घर में घुसकर पूसा प्रमुख रविता तिवारी के पति अन्नु तिवारी को गोलियों से छलनी कर दिया था। इस बाबत मृतक की मां प्रभा देवी के बयान पर स्थानीय थाना में एक प्राथमिकी दर्ज की गई थी। जिसमें रेपुरा के अमन कुमार उर्फ करगिल, गंगापुर के सचिन जायसवाल समेत पांच को नामजद किया था। घटना को अंजाम देकर सभी बदमाश सेफ जोन में चले गए थे। पुलिस लगातार छापेमारी कर बदमाशों का सुराग टटोल रही थी। घटना को अंजाम देने के बाद वह राज्य से ही फरार हो गया था। तकनीकी आधार पर हरियाणा के गुरुग्राम से कारगिल की गिरफ्तारी हुई।

हरियाणा जाने से पहले ली बेगूसराय में शरण :

घटना को अंजाम देने के बाद कारगिल ने बेगूसराय में अपने मौसेरा भाई निशांत उर्फ निशू के पास शरण लिया।पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में निशांत ने बताया कि घटना के दिन वह सुबह से ही उसके सर्पक में था। घटना में प्रयुक्त हथियार अपने घर में मां के सहयोग से छुपाया था, जिसे उसके घर से बरामद किया गया। निशांत ने ही राज्य से बाहर भागने के लिए रुपया उपलब्ध कराया। घटना में प्रयुक्त पल्सर बाईक को निशांत द्वारा कारगिल के मामा मनीष कुमार के पास छिपाया गया था। उसे भी मनीष के पास से बरागद कर लिया गया है। निशांत तथा मनीष के योजनानुसार कारगिल रांची से अपनी पत्नी को साथ लेते हुए गुरूग्राम, हरियाणा भाग गया एवं वहा किराये पर रह रहा था।

कारगिल के घर छापेमारी में मिला चरित्र प्रमाण पत्र सत्यापन पत्र :

छापेमारी के क्रम में कारगिल के घर से मां नीलम देवी को पंचायत चुनाव में खडे होने हेतु चरित्र सत्यापन प्रमाण पत्र पाया गया। हत्या में संलिप्तता पर उसने यह भी बताया कि उसका नजदीकी दोस्त गंगापुर निवासी सोलू कुमार पे0 विनोद साह भी साथ में था। तकनीकि अनुसंधान

में पाया गया कि सोलू तथा कारगिल सुबह से ही आपस में संपर्क में था।

अनुसंधान एवं छापेमारी टीम में ये पदाधिकारी रहे शामिल

अनुसंधान एवं छापेमारी में सदर डीएसपी प्रीतिश कुमार, मुफस्सिल थानाध्यक्ष विकम आचार्य, परमानंद लाल कर्ण, डीआईयू प्रभारी, नंद किशोर यादव, ओपी अध्यक्ष, वैनी , ब्रजकिशोर सिंह, अनि0, पुलिस केन्द्र, सिपाही अखिलेश कुमार, सिपाही अरविन्द कुमार , सिपाही सतीश कुमार पाण्डेय एवं सिपाही त्रिपुरारी शर्मा शामिल रहे।